जान-ए-रहमत, शान-ए-रहमत आमिना का लाल है
सारी दुनिया की ज़रूरत आमिना का लाल है
शान-ए-रहमत, जान-ए-रहमत आमिना का लाल है
सारी दुनिया की ज़रूरत आमिना का लाल है
गोद में ले कर के आक़ा को हलीमा ने कहा
चाँद से भी ख़ूबसूरत आमिना का लाल है
तेरी ग़ुर्बत को मिटा देगा ये कुछ ही वक़्त में
ऐ हलीमा ! तेरी क़िस्मत आमिना का लाल है
बोले उँगली पर नचा कर बाब-ए-ख़ैबर को 'अली
मेरे बाज़ुओं की ताक़त आमिना का लाल है
कहते थे अय्यूब अंसारी, नबी को देख कर
मेरे घर की ज़ेब-ओ-ज़ीनत आमिना का लाल है
ना'त-ख़्वाँ:
ख़्वाजा ग़ुलाम सरवर
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