जश्ने विलादत मनाओ, जश्ने विलादत मनाओ
शादी के नग्मे सुनाओ, जश्ने विलादत मनाओ
आमद हुई मुस्तफा की, आयी सदा मरहबा की
राहों में आँखें बिछाओ, जश्ने विलादत मनाओ
आमद की धूमें मची हों, यारों ये गालियां सजी हों
कुछ जोश ऐसा दिखाओ, जश्ने विलादत मनाओ
यारों हरे परचमों से , रंग ब रंग कुमकुमों से
अपने घरों को सजाओ, जश्ने विलादत मनाओ
गीत उनके गाते ही रहना, दिन ये मनाते ही रहना
बच्चों को भी ये सिखाओ, जश्ने विलादत मनाओ
दिल से कदूरत मिटा कर, शिकवे शिकायत भुला कर
सबको गले से लगाओ, जश्ने विलादत मनाओ
लब पे रहें उनकी बातें, दिल में रहें उनकी यादें
इस तरह महफ़िल में आओ, जश्ने विलादत मनाओ
रेहमत के बादल गिरे हैं, छमछम बरसने लगे हैं
खूब आज इसमें नहाओ , जश्ने विलादत मनाओ
मौला-इ-कुल आ गए हैं, खात्मे रसूल आ गए हैं
नारा ये मिलके लगाओ, जश्ने विलादत मनाओ
वल्लाह उबैद अपनी इज़्ज़त, है नात ही की बदौलत
इसको वज़ीफ़ा बनाओ, जश्ने विलादत मनाओ
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