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ज़िन्दगी फिर मुस्कुराई | सरकार की आमद मरह़बा

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ज़िन्दगी फिर मुस्कुराई | सरकार की आमद मरह़बा

मरह़बा मरह़बा, मरह़बा मरह़बा

सरकार की आमद मरह़बा
दिलदार की आमद मरह़बा
मन्ठार की आमद मरह़बा
मरह़बा मरह़बा मरह़बा मरह़बा

आमदे-सरकार है सारे झूम के बोलो, झूम के बोलो
आमदे-मुस्तफ़ा मरह़बा मरह़बा
मरह़बा मरह़बा मरह़बा मरह़बा

ज़िन्दगी फिर मुस्कुराई

नूर वाला आ गया, नूर वाला, नूर वाला
नूर वाला आ गया, नूर वाला आ गया

ज़ुल्मतों ने मात खाई

नूर वाला आ गया, नूर वाला, नूर वाला
नूर वाला आ गया, नूर वाला आ गया

 
आमदे-सरकार है सारे झूम के बोलो, झूम के बोलो
मरह़बा मरह़बा मरह़बा मरह़बा
 
ज़िन्दगी फिर मुस्कुराई
 
आमेना बीबी के घर में नूर की बरसात है
साअ़ते-मीलाद आई
 
नूर वाला आ गया, नूर वाला, नूर वाला
नूर वाला आ गया, नूर वाला आ गया

आमदे-सरकार है सारे झूम के बोलो मरह़बा

सरकार की आमद मरह़बा
दिलदार की आमद मरह़बा
मन्ठार की आमद मरह़बा
मरह़बा मरह़बा मरह़बा मरह़बा

ज़िन्दगी फिर मुस्कुराई


सिदरा वाले की क़ियादत में सलामी के लिये
क़ुदसियों की फौज आई

नूर वाला आ गया, नूर वाला, नूर वाला

नूर वाला आ गया, नूर वाला आ गया

आमदे-सरकार है सारे झूम के बोलो मरह़बा
मरह़बा मरह़बा मरह़बा मरह़बा
 
ज़िन्दगी फिर मुस्कुराई
 
गिर गए बुत सर के बल और कसरे-किसरा कांप उठा
शामते-शयतान आई
 
नूर वाला आ गया, नूर वाला, नूर वाला
नूर वाला आ गया, नूर वाला आ गया

आमदे-सरकार है सारे झूम के बोलो मरह़बा

सरकार की आमद मरह़बा
दिलदार की आमद मरह़बा
मन्ठार की आमद मरह़बा
मरह़बा मरह़बा मरह़बा मरह़बा

ज़िन्दगी फिर मुस्कुराई
 
अब बुतों से पाक करने वाला मुझको आ गया
नात काअ़बे ने सुनाई
नूर वाला आ गया, नूर वाला, नूर वाला
नूर वाला आ गया, नूर वाला आ गया

आमदे-सरकार है सारे झूम के बोलो मरह़बा
मरह़बा मरह़बा मरह़बा मरह़बा

ज़िन्दगी फिर मुस्कुराई

परचमों से कुमकुमों से घर मुहल्ले सज गए
आशिक़ों की ईद आई

नूर वाला आ गया, नूर वाला, नूर वाला
नूर वाला आ गया, नूर वाला आ गया

आमदे-सरकार है सारे झूम के बोलो मरह़बा

सरकार की आमद मरह़बा
दिलदार की आमद मरह़बा
मन्ठार की आमद मरह़बा
मरह़बा मरह़बा मरह़बा मरह़बा

ज़िन्दगी फिर मुस्कुराई

ऐ ख़ुदा सद शुक्र तेरा की मुझे तूने अता
शाह की मिदह़त-सराई

नूर वाला आ गया, नूर वाला, नूर वाला
नूर वाला आ गया, नूर वाला आ गया

आमदे-सरकार है सारे झूम के बोलो मरह़बा
मरह़बा मरह़बा मरह़बा मरह़बा

ज़िन्दगी फिर मुस्कुराई

झूम उठी है बज़्मे-मिदह़त, आज तूने ऐ उबैद
नात ये कैसी सुनाई

नूर वाला आ गया, नूर वाला, नूर वाला
नूर वाला आ गया, नूर वाला आ गया

आमदे-सरकार है सारे झूम के बोलो मरह़बा

सरकार की आमद मरह़बा
दिलदार की आमद मरह़बा
मन्ठार की आमद मरह़बा
मरह़बा मरह़बा मरह़बा मरह़बा

ज़िन्दगी फिर मुस्कुराई

शायर:
ओवैस रज़ा क़ादरी (उबैद रज़ा क़ादरी)

नातख्वां:
ओवैस रज़ा क़ादरी
Mohammad Wasim

Mohammad Wasim

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