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सख्त मुश्किल में हूँ बग़दाद से आओ जल्दी

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सख्त मुश्किल में हूँ बग़दाद से आओ जल्दी
 
सख्त मुश्किल में हूँ बग़दाद से आओ जल्दी
मुझको या गौस मुसीबत से छुड़ाओ जल्दी
 
एक इशारे से तुम्हारे हुए मुर्दा ज़िंदा
क़ल्ब-ए-मुर्दा को हमारे भी जिलाओ जल्दी
 
सख्त मुश्किल में हूँ बग़दाद से आओ जल्दी
मुझको या गौस मुसीबत से छुड़ाओ जल्दी
 
आओ बगदादी मो'अल्ला की हवाओं जल्दी
रो रहा हूँ मुझे तुम आ-के हंसाओं जल्दी
 
सख्त मुश्किल में हूँ बग़दाद से आओ जल्दी
मुझको या गौस मुसीबत से छुड़ाओ जल्दी
 
आने वाले हैं मेरे घर मेरे गौस-ए-आ'ज़म
दूर हो जाओ मेरे घर से बलाओं जल्दी
 
सख्त मुश्किल में हूँ बग़दाद से आओ जल्दी
मुझको या गौस मुसीबत से छुड़ाओ जल्दी
 
अभी मिट जाएंगे सब दर्द-ओ-अलम , रंज-ओ-मेहन
मुझको मीरा का क़सीदा सुनाओ जल्दी
 
सख्त मुश्किल में हूँ बग़दाद से आओ जल्दी
मुझको या गौस मुसीबत से छुड़ाओ जल्दी
 
मैंने माना के बुरा हद्द से बुरा हूँ लेकिन
सदक़ा अच्छों का मुझे अच्छा बनाओ जल्दी
 
सख्त मुश्किल में हूँ बग़दाद से आओ जल्दी
मुझको या गौस मुसीबत से छुड़ाओ जल्दी
 
आँखें बे-हद ही तरस्ती हैं ज़ियारत के लिए
मुझको अब रोज़ा-ए-अक़दस पे बुलाओ जल्दी
 
सख्त मुश्किल में हूँ बग़दाद से आओ जल्दी
मुझको या गौस मुसीबत से छुड़ाओ जल्दी
 
में वो सालिम हूँ जो खादिम है तुम्हारा या गौस !
अपने खादिम को तुम आफत से बचाओ जल्दी
 
सख्त मुश्किल में हूँ बग़दाद से आओ जल्दी
मुझको या गौस मुसीबत से छुड़ाओ जल्दी
 
Mohammad Wasim

Mohammad Wasim

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