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शुक्रिया, अए हाफ़िज़ों ! इस्कार हो करते अद

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शुक्रिया, अए हाफ़िज़ों ! इस्कार हो करते अद

या अल्लाह ! या रहमान ! या रहीम !

शुक्रिया, अए हाफ़िज़ों ! इस्कार हो करते अदा
हिफ़्ज़-ए-क़ुरआन के लिए अल्लाह ने तुमको चुना

दस 'अज़ीज़ों की सिफ़ारिश का तुम्हें मुअज़्दा मिला
इस से बढ़कर हिफ़्ज़-ए-क़ुरआन का भला क्या हो सिला
मिल गया है रब से दस बे-आसरों को आसरा
हिफ़्ज़-ए-क़ुरआन के लिए अल्लाह ने तुमको चुना

शुक्रिया, अए हाफ़िज़ों ! इस्कार हो करते अदा
हिफ़्ज़-ए-क़ुरआन के लिए अल्लाह ने तुमको चुना

अब्बू-अम्मी को तो अल्लाह ताज कल पहनाएगा
जिसके आगे चाँद-सूरज को ग्रहण लग जाएगा
शर्तें बस ये हैं ना हो क़ौल-ओ-'अमल में फ़ासला
हिफ़्ज़-ए-क़ुरआन के लिए अल्लाह ने तुमको चुना

शुक्रिया, अए हाफ़िज़ों ! इस्कार हो करते अदा
हिफ़्ज़-ए-क़ुरआन के लिए अल्लाह ने तुमको चुना

हिफ़्ज़ क़ुरआन के अल्फ़ाज़ तुमने कर दिए
ने'मतों से दामन तुमने अपने हरदम भर दिए
अब 'अमल की मोतियाँ चुनने का आया मरहला
हिफ़्ज़-ए-क़ुरआन के लिए अल्लाह ने तुमको चुना

शुक्रिया, अए हाफ़िज़ों ! इस्कार हो करते अदा
हिफ़्ज़-ए-क़ुरआन के लिए अल्लाह ने तुमको चुना

Mohammad Wasim

Mohammad Wasim

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