भाषा:

खोजें

तेरी रहमतो का दरिया सरे आम चल रहा है

  • यह साझा करें:
तेरी रहमतो का दरिया सरे आम चल रहा है

ख्वाजा तेरे करम से ज़माने में बात है 
बन्दे को नाज़ है के तू बनदा नवाज़ है

तेरी रहमतो का दरिया सरे आम चल रहा है
मुझे भीक मिल रही है मेरा काम चल रहा है

तेरा करम ये तो तेरा करम है
ख्वाजा पिया ये तो तेरा करम है

खवाजा मोईनुद्दीन का रुतबा दराज़ है
भारत के सरज़मीन पे ख्वाजा का राज है
जिसको नवाज़ा ख्वाजा ने वो सरफ़राज़ है
बन्दे को नाज़ है के तू बाँदा नवाज़ है


दुनिया में जो कायम  तेरे मंगतो का भरम है
ये तेरी इनायत है ये सब तेरा करम है

तेरा करम ये तो तेरा करम है
ख्वाजा पिया ये तो तेरा करम है


नूरे नबी से दिल को मुनव्वर बना दिया 
कतरे को तूने चाहा समंदर बना दिया 
तेरे करम की ख्वाजा मैं और क्या मिसाल दूं
किस्मत का तूने मुझे सिकंदर बना दिया

तेरा करम ये तो तेरा करम है
ख्वाजा पिया ये तो तेरा करम है

चमका दिए है तूने मुकद्दर के सितारे
रहमत के फूल खिल गए आँगन  में हमारे

तुमने लुटाया है हैदर कर्रार का सदका
तूने दिया है अहमदे मुख़्तार का सदका
तेरा बड़ा अहसान मेरे खानदान पर 
खाते है ख्वाजा हम तेरे दरबार का सदका


तेरा करम ये तो तेरा करम है
ख्वाजा पिया ये तो तेरा करम है

नूरे नबी का नूर है तू पंजतानी है
दोनों जहा में तूझसे मेरी बात बनी है

तेरा करम ये तो तेरा करम है
ख्वाजा पिया ये तो तेरा करम है

मुश्किल कुशा का लाल है औलाद पयम्बर 
तेरे करम से हो गए अब्दाल क़लन्दर
ख्वाजा तेरी गुलामी पे हम सबको नाज़ है
ख्वाजा मेरा फैजान करम का है समंदर


तेरा करम ये तो तेरा करा है
ख्वाजा पिया ये तो तेरा करम है

तन मन को मेरे रंग दिया चिस्ती बहार से
शाहों ने भीक पायी है तेरे दयार से

तेरा करम ये तो तेरा करम है
ख्वाजा पिया ये तो तेरा करम है
तू है अदाए मुस्तफा ईमां का उजाला
तेरे करम से सारे ज़माने को संभाला
मशहूर कर दिया है मुझे सारे जहाँ में
कहता मोईनुद्दीन का है चाहने वाला

 

तेरा करम ये तो तेरा करम है
ख्वाजा पिया ये तो तेरा करम है

तेरी मस्तिये नज़र से बना चिस्ती मैं गदाहे
कहीं में बरस रही है कहीं जाम चल रहा है

तेरा करम ये तो तेरा करम है
ख्वाजा पिया ये तो तेरा करम है


उसे क्या मिटाए दुन्या जिसे आप ने नवाज़ा  
नक्से कदम पे तेरे ये गुलाम चल रहा है

तारिक्यो में गुम था ये हयात सूफी हमसर
तेरी निस्बतो के सदके में ये निजाम चल रहा है

तेरी रहमतो का दरिया सरे आम चल रहा है
मुझे भीक मिल रही है मेरा काम चल रहा है

Mohammad Wasim

Mohammad Wasim

एक टिप्पणी छोड़ें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा। आवश्यक फ़ील्ड * से चिह्नित हैं

Your experience on this site will be improved by allowing cookies Cookie Policy