नात-शरीफया शह-ए-बहर-ओ-बर हो करम की नज़र | सब की बिगड़ी बनाना तेरा काम हैअक्टू. 02, 20231 मिनट पढ़ें8,756 दृश्य
नात-शरीफआया तयबा का चाँद चमका तयबा का चाँद | आमद-ए-मुस्तफ़ा मरहबा मरहबाअक्टू. 02, 20231 मिनट पढ़ें2,871 दृश्य
नात-शरीफहर वक़्त तसव्वुर में मदीने की गली हो | ए काश ! तसव्वुर में मदीने की गली होसित. 27, 20231 मिनट पढ़ें44,576 दृश्य
नात-शरीफमुझ पे मौला का करम है उन की नातें पढ़ता हूँ | मैं सदक़े, या रसूलल्लाह !सित. 26, 20231 मिनट पढ़ें2,109 दृश्य