नात-शरीफसरकार आ रहे हैं | नूर-ए-ख़ुदा ने क्या क्या जल्वे दिखा दिए हैंसित. 20, 20231 मिनट पढ़ें2,597 दृश्य
नात-शरीफमरहबा या मुस्तफ़ा | नसीब चमके हैं फ़र्शियों के कि अर्श के चाँद आ रहे हैसित. 20, 20231 मिनट पढ़ें15,589 दृश्य
नात-शरीफफ़लक के नज़ारो ! ज़मीं की बहारो ! सब 'ईदें मनाओ, हुज़ूर आ गए हैंसित. 20, 20231 मिनट पढ़ें7,159 दृश्य
नात-शरीफरबी'उन्नूर आया है | रहें हाथों में झंडियाँ, चलो बाँटे मिठाईयाँसित. 20, 20231 मिनट पढ़ें1,369 दृश्य